भूसा
शेयर करें

सागरI जिले में पशुओं के भूसा एवं चारा आदि की कमी होने की आशंका है। जिले में पशुपालकों के पास लगभग 11.55 लाख गौवंशीय, भैंसवंशीय एंव अन्य पशु है। जिले में भूसा की पर्याप्त मात्रा में आपूर्ति एवं संग्रहण को दृष्टिगत रखते हुए भूसा, चारा, ज्वार एवं धान के डंठल को जिले से बाहर निर्यात करने हेतु प्रतिबंधित किये जाने की आवश्यकता है।

कलेक्टर दीपक आर्य के आदेशानुसार एवं म.प्र. पशु चारा निर्यात नियंत्रण आदेश नियम में निहित प्रावधानों के अधीन प्रदत शक्तियों का प्रयोग करते हुए पशुओं के आहार में आने वाले केवल गेहूं- भूसा को प्रदेश की सीमा से बाहर निर्यात करने एवं गेहूं भूसा का WHITE COAL के रूप में उद्‌द्योर्गा एवं ईंट भ‌ट्टों में जलाने के लिए उपयोग को एतद् ‌द्वारा तत्काल प्रभाव से दिनांक 30 जून तक के लिए प्रतिबंधित किया है।

उपरोक्तानुसार गेहूं भूसा को कोई भी कृषक, व्यापारी या व्यक्ति या निर्यातक संस्था किसी भी प्रकार के वाहन, मोटर, ट्रक, बैलगाडी एवं रेल्वे अथवा अन्य साधन द्वारा जिले के बाहर बिना कार्यकारी मजिस्ट्रेट की लिखित अनुमति के निर्यात नहीं करेगें। यह आदेश केवल गेहूं भूसा निर्यात करने पर तत्काल प्रभाव से लागू होगा। चना, मसूर, तेवडा आदि का भूसा तथा ज्वार एवं धान के डंठल के निर्यात पर किसी प्रकार का प्रतिबंध नहीं रहेगा।


शेयर करें
advertisment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!