सागर। विश्व को शांति का संदेश देने वाले,सामाजिक समरसता, करुणा के सागर,सम्पूर्ण मानव जाति के उद्धारक,महामानव, महाकरुणिक तथागत बुद्ध जन्म जयंती (बुद्ध पूर्णिमा) के पावन पर्व महोत्सव के अवसर पर बुद्ध धर्म अनुयायियों द्वारा गौर नगर मकरोनिया स्थित बुद्ध वाटिका में बुद्ध जयंती उत्सव का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बुद्ध वाटिका में बुद्ध वंदना एवं मंगल पाठ सहित विविध धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। सभी बौद्ध धर्म अनुयाइयों ने तथागत बुद्ध के पंचशील के सिद्घांत, उपदेशों एवं उनके बताए हुए सदमार्ग पर चलने का संकल्प लिया। तथागत बुद्ध के करुणामयी संदेश “अपने दीपक स्वयं बने” को मानव जीवन में आत्मसात करने की बात सभी बौद्ध धर्म अनुयायियों ने एक स्वर में की। कार्यक्रम में शामिल सभी बौद्ध धर्म अनुयाइयों ने बुद्ध वाटिका में तथागत बुद्ध की प्रतिमा पर पुष्पमाला अर्पित कर एवं मोमबत्ती प्रज्वलित करके एवं बुद्ध वंदना करके बुद्ध जयंती महोत्सव को हर्षोल्लास के साथ मनाया। इस अवसर पर बुद्ध पूर्णिमा महोत्सव कार्यक्रम में मुख्य रूप से मुख्य धम्मदेशनाचार्य पूज्य विनय कीर्ति भंते जी,डॉ.कमलेश अहिरवार ,डॉ.राजकुमार अहिरवार,भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र अहिरवार,डी.ओ. खाद्य सुरक्षा प्रशासन दमोह राकेश अहिरवाल,रघुवर प्रसाद फौजी,गजेंद्र अहिरवार जिंदा,करन सिंह सहित बड़ी संख्या में बौद्ध धर्म अनुयायियों की उपस्थिति रही।
