सागरI उच्च शिक्षा विभाग एवं मध्य प्रदेश हिन्दी ग्रन्थ अकादमी, भोपाल के संयुक्त तत्वावधान में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के परिप्रेक्ष्य में भारतीय ज्ञान परम्परा पर केंद्रित ‘शिक्षा में आध्यात्मिकता’ विषय पर महाराजा छत्रसाल बुंदेलखंड विश्वविद्यालय, छतरपुर में आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला के उद्घाटन सत्र में डॉक्टर हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय की कुलगुरु प्रो. नीलिमा गुप्ता ने मुख्य वक्तव्य दियाI इस अवसर पर महाराजा छत्रसाल बुंदेलखंड विश्वविद्यालय, छतरपुर की कुलगुरु प्रो. शुभा तिवारी, मध्य प्रदेश हिन्दी ग्रन्थ अकादमी के अध्यक्ष डॉ. अशोक कड़ेल एवं उज्जैन विश्वविद्यालय के प्रो. धर्मेंद्र मेहता मंचासीन थेI
कुलगुरु प्रो. नीलिमा गुप्ता ने अपने उद्बोधन में शिक्षा में आध्यात्मिकता की आवश्यकता एवं महत्त्व को रेखांकित कियाI उन्होंने कहा कि स्वस्थ मस्तिष्क के निर्माण के लिए शिक्षा में आध्यात्मिकता की आवश्यकता हैI अध्यात्म एवं ध्यान एक-दूसरे के पूरक हैंI अध्यात्म हमें समाज से जोड़ना सिखाता है, तो वहीं ध्यान हमें एकाग्रता की ओर ले जाता हैI छात्रों के चरित्र निर्माण में दोनों का बहुत महत्व है। उन्होंने ध्यान के प्रभाव से आत्मबोध की वैज्ञानिक विधि की भी विस्तृत विवेचना कीI उन्होंने यह भी कहा कि योग और ध्यान से मनुष्य अपने आत्मबल की पहचान करता हैI उसकी आंतरिक शक्ति ही उसे कार्य करने की प्रेरणा और ऊर्जा देती हैI उन्होंने कहा कि प्राचीन भारतीय शिक्षा पद्धति में ध्यान एवं योग पाठ्यचर्या का अहम् हिस्सा थे इसीलिए राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 में भारतीय ज्ञान परंपरा को अत्यधिक महत्त्व दिया गया हैI
छतरपुर विवि की कुलगुरु प्रो. शुभा तिवारी ने कहा कि हमारे विचारों और सोच का सकारात्मक एवं शुद्ध होना ही आध्यात्मिकता है। आध्यात्मिक व्यक्ति कभी बोर नहीं होता, क्योंकि वह स्वयं के साथ रहना जानता है। मनुष्य के विचार ही उसके सच्चे साथी हैंI भावी पीढ़ी को संस्कारवान बनाने में पारंपरिक ज्ञान उपयोगी हैI हिंदी ग्रन्थ अकादमी भोपाल के संचालक डॉ. अशोक कड़ेल ने कहा कि शिक्षा में भारतीयता का समावेश नई शिक्षा नीति ने किया है। व्यक्ति की कुशलता और क्षमता को बाहर लाना ही आध्यात्मिकता है।
कार्यक्रम में स्वागत भाषण प्रो. जेपी शाक्य ने दिया. संचालन प्रो. बीएस परमार एवं आभार प्रो. पुष्पा दुबे ने दिया. इस अवसर पर विभिन्न विश्वविद्यालयों के प्राध्यापक, शोधार्थी, विद्यार्थी, विवि के अधिकारी उपस्थित थेI
कुलगुरु ने किया पुस्तक प्रदर्शनी-चित्र प्रदर्शनी का उद्घाटन
कुलगुरु प्रो. नीलिमा गुप्ता ने कार्यशाला में हिंदी ग्रंथ अकादमी भोपाल के तत्त्वावधान में आयोजित पुस्तक प्रदर्शनी एवं विक्रय केंद्र तथा विश्वविद्यालय के चित्रकला विभाग द्वारा आयोजित चित्र प्रदर्शनी का उद्घाटन भी कियाI इस अवसर पर उन्होंने वृक्षारोपण भी कियाI
