देवरी/ आशीष दुबे
देवरी कला । शासन की ओर से आम आदमी का भटकाव कम करने के उद्देश्य से लोक सेवा केंद्रों की स्थापना की गई थी, लेकिन लगता है कि ठेकेदाराें के भरोसे इस व्यवस्था को छोड़ प्रशासन बेफिक्र हो चुका है।
आधार कार्ड सहित विभिन्न प्रमाणपत्र बनाने के लिए लोक सेवा केंद्र खोलने की अनुमति दी गई है। साथ ही किस काम के लिए कितना शुल्क लगेगा, इसके स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। इसके बावजूद सेवा केंद्र संचालक सर्विस चार्ज के नाम पर मनमानी वसूली कर रहे हैं।
आम आदमी यहां आकर लुट रहा है और ठेकेदार मलाई मारने में लगे हैं। ऐसा ही मामला देवरी लोक सेवा केंद्र में देखने को मिला जब वहां मीडिया टीम पहुंची तो पता चला कि आधार कार्ड बनवाने एवं अपडेट के नाम पर 150 रुपये शुल्क ली जा रही है एवं आय जाति निवास और जन्म प्रमाण पत्र बनवाने की दोगुना राशि आम जनता से लोक सेवा केंद्र संचालक द्वारा वसूली जा रही है ।
आमजन का कहना
आमजन में छोटू पाल ग्राम निवासी बीना ने बताया कि आय प्रमाण पत्र बनवाने आया था मुझसे से भी 50 रुपये लिए ,जगदीश प्रजापति ने बताया कि हमसे आधार कार्ड बनवाने के 150 लिए हैं। आनंद यादव ने बताया कि हमसे भी आधार कार्ड बनवाने के 150 लिए हैं। सुषमा पटेल बाजार वार्ड निवासी ने बताया कि हमसे भी आधार कार्ड के 150 रुपए लिए और मेरे दो बच्चों के भी 150 रूपये लिए, महेश पटेल ने बताया कि मैं आय प्रमाण पत्र बनवाने आया था मुझे भी 50 रुपये लिए है। शासन के नियम अनुसार लोक सेवा केंद्र पर आय, निवास प्रमाण पत्र 1 दिन में देने की आदेश किए हैं लेकिन लोक सेवा केंद्र संचालक द्वारा आमजन के लिए कई दिनों तक चक्कर कटवाते हैं ।
इसी प्रकार लोक सेवा केंद्र संचालक द्वारा मनमानी पैसे वसूली चलते राम रजक ,पवन कुमार पुरोहित ,रोहित कुर्मी, अभिषेक काछी द्वारा अनुविभागीय अधिकारी महोदय देवरी को दिया आवेदन, आवेदन में उल्लेख है कि लोक सेवा केंद्र देवरी में कार्यरत् समस्त ऑपरेटर लोक सेवा केंद्र देवरी द्वारा किए जा रहे नियम विरुद्ध कार्य के संबंध में। आवेदकगण वर्ष 2013 से लोकसेवा केंद्र में ऑपरेटर का कार्य कर रहे हैं।
यह कि कार्य के दौरान हम आवेदकों से शासन द्वारा निर्धारित शुल्क लेकर आवेदन से प्राप्त करते हुए ऑनलाइन फीडिंग कर संबंधित विभाग में प्रेषित करते थे। वर्ष 2024 में लोकसेवा केंन्द्र देवरी का परिवर्तित किया गया। जितेन्द्र विश्वकर्मा पेटी कान्ट्रेंकटर एवं केंद्र प्रभारी प्रशांत तिवारी हैं।
संचालक द्वारा हम से प्राप्त आवेदनों में शासन द्वारा निर्धारित शुल्क से अधिक राशि आवेदकों से प्राप्त किये जाने हेतु निर्देशित किया गया। आवेदकों से अधिक राशि लेने पर विवाद की स्थिति निर्मित होने का अंदेशा होता रहता है जिसकी जानकारी दूरभाष पर हमने संचालक को प्रदाय कर अधिक राशि आवेदको से लेने में असमर्थता व्यक्त की। अधिक राशि लेने से इंकार करने पर संचालक द्वारा हमें प्रदाय किये जाने वाले वेतन न देने की बात कहीं एवं अधिक राशि का दबाब बनाया गया।
हम आपरेटरों द्वारा अधिक राशि न लिये जाने पर संचालक द्वारा बिना पूर्व सूचना के हमें घर पर बैठने को कहा गया। तथा हमसे कार्य नहीं लिया जा रहा हैं वर्तमान में हम आपरेटरों की आईडी चल रही हैं तथा संचालक अत्याधिक राशि आवेदकों से प्राप्त कर रहें हैं जिसकी शिकायतें आवेदकों द्वारा की जा रही हैं। हम आवेदक गणों की आईडी प्रचलन में होने से ऐसी किसी भी स्थिति के लिए हम उत्तरदायी नहीं रहेगें।
अतः श्रीमान् जी निवेदन हैं कि आवेदक गणों का आवेदन स्वीकर कर लोकसेवा केंद्र संचालक को शासन द्वारा निर्धारित शुल्क पर आवेदन प्राप्त किय जाने एवं हम आपरेटरों को अकारण कार्य से निष्कासित किये जाने से पुनः कार्य पर बुलायें जाने के लिए आदेश प्रदान करें।
