मोगली महोत्सव
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सागर I शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सागर में गुरुवार को जिला शिक्षा अधिकारी अरविन्द कुमार जैन के मुख्य आतिथ्य में एवं शास.उत्कृष्ट उ.मा.वि.सागर के प्राचार्य की अध्यक्षता में जिला स्तरीय मोगली महोत्सव 2024 का आयोजन सम्पन्न हुआ। यह आयोजन स्कूल शिक्षा विभाग एवं एप्पको भोपाल के निर्देशन में प्रति वर्ष बच्चों को पर्यावरण के प्रति जागरूकता उत्पन्न करने के लिए किया जाता है। इस महोत्सव में सागर जिले के सभी 11 विकासखण्डों के कनिष्ठ एवं वरिष्ठ वर्ग विद्यार्थियों ने सहभागिता की। इसमें प्रत्येक विकासखण्ड की टीमों को जानवरों के नाम देकर प्रतियोगिता कराई गई। कनिष्ठ वर्ग में मालथौन हांथी टीम, देवरी बाघ टीम, राहतगढ़ लोमड़ी टीम, बीना खरगोश टीम, केसली बन्दर टीम, खुरई हिरण टीम, जैसीनगर जिराफ टीम, सागर शेर टीम एवं बंडा मोर टीम जैंसे नाम दिये गये। प्रत्येक टीम ने कक्षा 5वीं से 8वीं तक के 02 विद्यार्थी 01 बालिका एवं 01 बालक ने भाग लिया।

इसी प्रकार वरिष्ठ वर्ग ने सागर हाँथी टीम, केसली बाघ टीम, देवरी लोमड़ी टीम, खुरई खरगोश टीम, राहतगढ़ बन्दर टीम, जैसीनगर हिरण टीम, बीना जिराफ टीम, मालथौन शेर एवं बंडा मोर टीम जैंसे नाम दिये गये। प्रत्येक टीम में कक्षा 9वीं से 12वीं तक के 02 विद्यार्थी 01 बालक एवं 01 बालिका ने भाग लिया। इस प्रश्न मंच प्रतियोगिता में राजबाड़ा कहां स्थित है। संगमरमर की चट्टानें कहां स्थित हैं। चित्रों के माध्यम से पक्षी बुलबुल, कठफोड़ा एवं चमचा जैंसे पक्षी घड़ियाल, सांभर एवं काला तेंदुआ जैंसे जानवर। बबूल शीशम एवं हरसिंगार जैंसे पौधों की पहचान से संबंधित बड़े रोचक ढंग से क्विज मास्टर अनुराग चतुर्वेदी एवं श्रीमती पुष्पा लोधी ने विद्यार्थियों से प्रश्न किये।

प्रतियोगिता में स्कोरर के रूप में आशीष तिवारी एवं केशव प्रसाद साहू रहे। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय से जिला परियोजना समन्वयक अधिकारी अभय श्रीवास्तव जी ने बच्चों को समझाइस दी कि पढ़ाई के साथ-साथ अन्य गतिविधियों में जो बच्चे सहभागिता करते हैं वो निश्चित रूप से आगे बढ़ते हैं। इस प्रतियोगिता में बच्चों ने पर्यावरण के बारे में जाना और 

वह हमारे लिये इतना महत्वपूर्ण है ये हम सभी जानते हैं। उत्कृष्ट विद्यालय के प्राचार्य एवं नोडल अधिकारी सुधीर कुमार तिवारी जी ने एक प्रश्न पूंछकर प्रतियोगिता का शुभारंभ किया और कहा कि क्षितिजल पावक गगन समीरा पंच रचित यह अधम शरीरा। गोस्वामी तुलसीदास जी द्वारा रचित मानस की इस चोपाई के माध्यम से बच्चों को समझाया। जिला विज्ञान अधिकारी राजेन्द्र प्रसाद अग्निहोत्री ने विद्यार्थियों को प्रतियोगिता के बारे में जानकारी दी और वे इसमें कैंसे शामिल हों, कैंसे तैयारी की जाए इसके बारे में बताया। जिला सहायक विज्ञान अधिकारी राजीव तिवारी, प्रदीप शर्मा, अभिषेक रावत, अनूप मिश्रा, महेन्द्र सोनी, दीप्ति प्रजापति एवं शीलू चैबे ने प्रतियोगिता को सफल बनाने में योगदान दिया। जिला स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त कनिष्ठ एवं वरिष्ठ वर्ग की टीम राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में सिवनी जिले के पेंच अभ्यारण्य में 07 एवं 08 नवम्बर 2024 को शामिल होगी।

   


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